प्रयागराज: शाही स्नान के साथ अर्द्धकुंभ की शुरुआत, 45 दिन तक चलेगा मेला
प्रयागराज: प्रयागराज में पहले शाही स्नान के साथ ही अर्ध कुंभ मेले (Kumbh 2019) की शुरुआत हो गई है. मंगलवार को मेले में सबसे पहले साधु-संतों का शाही जुलूस निकाला गया जिसके बाद शाही स्नान की परंपरा शुरू हो गई है. बता दें कि विभिन्न अखाड़ों को स्नान के लिए अलग-अलग वक्त दिया गया हो.
इस धार्मिक-आध्यामिक-सांस्कृतिक मेले में अगले 45 दिनों तक देश-विदेश के 15 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु जुटेंगे. किंवदंतियों के मुताबिक, पहला ‘शाही स्नान’ (Kumbh 2019) स्वर्ग का दरवाजा खोलता है, जिसकी शुरुआत मंगलवार को सुबह 5.30 बजे हो चुकी है और यह शाम 4.30 बजे तक चलेगा. श्रद्धालुओं के लिए गंगा नदी के किनारे 3,200 एकड़ क्षेत्र में छोटा शहर बसाया गया है. यहां टेंट का किराया 2,100 रुपये से लेकर 20,000 रुपये प्रति रात तक है. इसके अलावा बड़ी संख्या में यहां पहुंचने वाले अखाड़ों और संतों के लिए डोर्मेटरी और टेंट स्टॉल लगाए गए हैं. आधिकारियों ने बताया कि कुंभ (Kumbh 2019) प्रशासन ने भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं.
#WATCH Hindu seers and saints head towards Sangam Ghat for a holy dip in river Ganga on the occasion of first ‘Shahi Snan’ at #KumbhMela2019 in Uttar Pradesh's Prayagraj (Early morning visuals) pic.twitter.com/9PBx4yBODE
— ANI (@ANI) January 15, 2019
कुंभ मेला के डीआईजी के. पी. सिंह ने यहां संवाददाताओं से कहा, “पहली बार कुंभ मेले में तीन महिला यूनिट्स की तैनाती की गई है, जो महिला श्रद्धालुओं को देखते हुए की गई है. साथ ही विदेशी हेल्प डेस्क भी 24 घंटे काम करेगा, क्योंकि विदेशियों की भी मेले में काफी रुचि होती है. विदेश मंत्रालय की एक इकाई के कल पहुंचने की उम्मीद है, जो विदेशी आगंतुकों की मदद करेगी.”
Processions with flamboyant raths followed by devotees chanting Har Har Mahadev, are being taken out by Akharas one after the other moving towards the Sangam area for the Shahi Snan. pic.twitter.com/eEsZ9l3Sf5
— Yusra Husain (@yusrahusain) January 15, 2019
उन्होंने बताया कि अर्धसैनिक और पुलिस बलों की तैनाती की गई है, साथ ही संगम की तरफ का यातायात 3,000 पुलिसकर्मी संभालेंगे. अधिकारी ने बताया कि नहाने वाले घाटों पर चेंजिंग रूम और शौचालयों के इंतजाम किए गए हैं. कुंभ प्रशासन ने एक बयान में कहा, “इस बार कुंभ मेला में स्वच्छता पर विशेष जोर दिया गया है. पिछले सालों में शौचालय नहीं होने के कारण लोग खुले में शौच करने पर मजबूर थे, लेकिन इस साल 1,20,000 शौचालयों का निर्माण किया गया है और सफाईकर्मियों की संख्या दोगुनी रहेगी, ताकि स्वच्छता बरकरार रहे.
पिछले कुंभ मेला में केवल 34,000 शौचालय थे.”हालांकि सैंकड़ों शौचालय काम करने की हालत में ही नहीं है, क्योंकि पानी की कमी है, या गंदा होने के बाद सफाई नहीं की गई है, जबकि आधिकारिक रूप से मेला शुरू भी नहीं हुआ है. कई शौचालयों का पलस्तर निकल गया है, जिससे ये किसी काम के नहीं रह गए हैं.