हर साल 10 जनवरी को वर्ल्ड डायटेटिक्स डे (World Dietetics Day) मनाया जाता है। इसका उद्देश्य डाइटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट को खाने के ज़रिए हेल्थ को बढ़ावा देना है।

यह दिन हेल्दी खाने के बारे में जागरूकता बढ़ाने, पुरानी बीमारियों को रोकने और पब्लिक हेल्थ में डाइटिशियन की अहम भूमिका को उजागर करने के लिए है, जिसे अक्सर इंडियन डायटेटिक एसोसिएशन (IDA) जैसे संगठनों द्वारा एजुकेशनल इवेंट्स और कैंपेन के ज़रिए मनाया जाता है।
आहार और पोषण से जुड़े इस दिन हर वर्ष अलग-अलग थीम पर फोकस किया जाता है, जैसे कि फैलने वाली/न फैलने वाली बीमारियों से लड़ना या न्यूट्रिशन के लिए टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करना।
गौरतलब है कि पोषण और आहार विशेषज्ञों के काम को दर्शाने वाला विश्व आहार विज्ञान दिवस (World Dietetics Day) 10 जनवरी को मनाया जाता है, जबकि विश्व खाद्य दिवस (World Food Day) 16 अक्टूबर को मनाया जाता है। यह खाद्य सुरक्षा और भूख मिटाने पर केंद्रित है।
हालांकि 2026 के लिए ग्लोबल “वर्ल्ड डायटेटिक्स डे” की थीम अभी तक तय नहीं हुई है, लेकिन भारत की इंडियन डायटेटिक एसोसिएशन (IDA) ने 10 जनवरी, 2026 के लिए अपनी थीम “स्वस्थ भारत के लिए मोटापे पर नियंत्रण- पोषण विज्ञान पेशेवरों की ओर से एक एक्शन कॉल” घोषित की है, जिसका फोकस पोषण के ज़रिए मोटापे से निपटना है।
अमरीका में एकेडमी ऑफ़ न्यूट्रिशन एंड डायटेटिक्स मार्च 2026 में “पोषण की शक्ति को जानें!” थीम के साथ नेशनल न्यूट्रिशन मंथ मनाएगी, जिसमें स्वस्थ रहने में पोषण की भूमिका पर ज़ोर दिया जाएगा।
