फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सन्स एम्प्लॉइज (FWICE) ने एक्टर रणवीर सिंह को बैन कर दिया है। यह बैन फिल्ममेकर फरहान अख्तर के डॉन 3 से अचानक जाने को लेकर हुए विवाद के बाद लगाया गया है।
फेडरेशन ऑफ़ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज़ ने सोमवार को कहा कि उसके चार लाख से अधिक सदस्य अभिनेता रणवीर सिंह के साथ काम नहीं करेंगे। संगठन का यह फ़ैसला फ़िल्म “डॉन 3” से रणवीर सिंह के आख़िरी समय में बाहर होने के बाद आया है।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में, फेडरेशन ने घोषणा की कि फिल्म इंडस्ट्री तब तक रणवीर सिंह के साथ काम नहीं करेगी, जब तक वह फरहान अख्तर के साथ 45 करोड़ रुपये के डैमेज केस को सेटल नहीं कर लेते।
इस फैसले के तहत रणवीर सिंह पर बैन लगा दिया गया है और फिल्म इंडस्ट्री को उनके साथ कोई भी सहयोग रोकने का निर्देश दिया गया है। पिछले हफ्ते मामले की समीक्षा के बाद सोमवार को मीडिया को इसकी जानकारी दी गई।
फरहान अख्तर की एक्सेल एंटरटेनमेंट ने अप्रैल में शिकायत दर्ज कराई थी कि रणवीर सिंह ने तीन फिल्मों की डील साइन की थी, लेकिन आखिरी समय में डॉन 3 से बाहर हो गए।
प्रोड्यूसर्स ने मांग की कि रणवीर सिंह सभी प्री-प्रोडक्शन खर्च उठाएं। फेडरेशन ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन रणवीर ने कहा कि मामले को “सही फोरम” पर सुलझाया जाना चाहिए।
हालांकि, फेडरेशन ने अपने बयान में कहा, “फिल्म इंडस्ट्री एक परिवार की तरह है, जहां हर आर्टिस्ट, टेक्नीशियन और प्रोड्यूसर एक साथ काम करते हैं। सीनियर एक्टर्स का अचानक अलग होना इंडस्ट्री की स्टेबिलिटी के लिए खतरा है।”
FWICE के मुख्य सलाहकार अशोक पंडित ने स्थिति को गंभीर बताते हुए फिल्म की शूटिंग शुरू होने से ठीक पहले एक्टर्स के प्रोजेक्ट छोड़ने की आलोचना की। पंडित ने रणवीर सिंह और फरहान अख्तर, रितेश सिधवानी के बैनर एक्सेल एंटरटेनमेंट के बीच चल रहे विवाद पर बात करते हुए कहा कि संघ आंतरिक बैठक के बाद अपना अंतिम रुख तय करेगा। चीफ एडवाइजर अशोक पंडित ने कहा कि यह ट्रेंड गलत है और भविष्य में सख्त एक्शन लिया जाएगा।