नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र का आज यानी शुक्रवार (25 नवंबर) को आठवां दिन है। नोटबंदी को लेकर दोनों सदन की कार्रवाही शुरु होते ही हंगामा भी शुरू हो गया। इससे पहले संसद सत्र शुरू होने से पहले विपक्ष के नेताओं ने एक मीटिंग भी की। parliament winter session

मीटिंग में कांग्रेस नेता गुलाब नबी आजाद ने कहा- पीएम यह कैसे कह सकते हैं कि विपक्षी दल काले धन के समर्थन में हैं। यह गलत है।
सत्र शुरू होते ही राज्यसभा में ‘प्रधानमंत्री मोदी माफी मांगो’ के नारे लगने लगे। विपक्ष मोदी के दिल्ली में हुए एक कार्यक्रम में दिए गए बयान से नाराज है। वहां पीएम ने विपक्ष पर निशाना साधा था।
सदन शुरू होने से पहले मायावती ने कहा कि अगर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ गलत नहीं किया है तो उन्हें संसद में यह बात कहने से परहेज नहीं होना चाहिए।
सत्र शुरु होने से पहले विपक्षी नेताओं ने मीटिंग में तय किया कि प्रधानमंत्री के बिना संसद में कार्यवाही को आगे नहीं बढ़ने दिया जाएगा। विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि नियमों में बार-बार हो रहे बदलावों की वजह से लोगों को तकलीफ हो रही है।
दूसरी ओर केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार ने कहा कि सरकार बहस के लिए तैयार है लेकिन विपक्ष उससे भाग रहा है। गौरतलब है कि संसद के शीतकालीन सत्र का सांतवा दिन भी बाकी दिनों की तरह हंगामे की भेंट चढ़ गया था। हंगामे के चलते संसद की कार्यवाही स्थगित कर दी गई थी। 12 बजे के बाद पीएम मोदी राज्यसभा में मौजूद रहे, लेकिन 2 बजे के बाद फिर से शुरू हुई कार्यवाही में पीएम नहीं थे। विपक्ष ने इसे लेकर एक बार फिर हंगामा किया। दोनों सदनों (राज्यसभा और लोकसभा) में नोटबंदी को लेकर हंगामा जोरों पर है।











