बढ़े रेपो रेट के कारण बैंक से लोन लेने वालों को चुकानी होगी ज़्यादा रक़म

भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा एक बार फिर ब्याज दरों में बढ़ोतरी का फैसला किया गया है। आरबीआई के इस फैसले के बढ़ रेपो रेट की बढ़ोत्तरी के चलते अब लोन की ज्यादा ईएमआई चुकानी पड़ेगी। ऐसा इसलिए होगा कि आरबीआई से बैंक जो रक़म लेंगे उन्हें वह बढ़ी हुई ब्याज दर पर उपलब्ध कराया जाएगा।

बढ़े रेपो रेट के कारण बैंक से लोन लेने वालों को चुकानी होगी ज़्यादा रक़म

रिजर्व बैंक बाजार में मुद्रा के प्रवाह को नियंत्रित करने के लिए रेपो रेट का प्रयोग करता है। इस वर्ष केंद्रीय बैंक द्वारा मई से अब तक रेपो रेट में 1.50% की वृद्धि की जा चुकी है। इस बीच रेपो रेट 4.4 से बढ़कर 5.9 प्रतिशत तक पहुंच चुका है।

रेपो रेट में आरबीआई की ओर से 50 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी का फैसला लेने के बाद मई महीने से इसमें अब तक 150 बेसिस प्वाइंट का इज़ाफ़ा हो चुका है। बैंक से लोन लेने वालों को इससे सबसे बड़ा झटका लगा है। बैंक रेपो रेट के बढ़ने के बाद अपनी ब्याज दरों में बढ़ोतरी करेंगे। जिससे दिए गए लोन की ईएमआई बढ़ जाएगी।

इसे ऐसे समझ सकते हैं कि मई महीने में बैंक से 6.5 फीसदी के ब्याज दर पर लिए जाने वाले लोन पर नए रेपो रेट के बाद ब्याज दर कम से कम डेढ़ प्रतिशत बढ़ेगी और देनदार को ऐसे में 6.5% की ब्याज फीसदी पर लिए गए लोन पर बैंक कम से कम आठ प्रतिशत सालाना ब्याज वसूलेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *