भारतीय सिनेमा और सामाजिक कार्यों में बेहतरीन योगदान के लिए अभिनेत्री रानी मुखर्जी को मानद डॉक्टर ऑफ लेटर्स की उपाधि से सम्मानित किया जाएगा। उन्हें यह सम्मान मेलबर्न के भारतीय फिल्म महोत्सव के दौरान दिया जाएगा।
मीडिया रिपोर्ट्स से मिली खबर के अनुसार, ऑस्ट्रेलिया की ला ट्रोब यूनिवर्सिटी रानी मुखर्जी को ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स’ की मानद डिग्री देगी। रानी को भारतीय सिनेमा में शानदार योगदान और सामाजिक कार्यों के लिए उन्हें मानद डॉक्टरेट की उपाधि से सम्मानित किया जाएगा।
रानी मुखर्जी को यह सम्मान 14 अगस्त 2026 को मेलबर्न (ऑस्ट्रेलिया) के फेडरेशन स्क्वायर में एक खास समारोह के दौरान दिया जाएगा। यह समारोह इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न 2026 का हिस्सा होगा। इस कार्यक्रम का आयोजन 13 से 23 अगस्त 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़, रानी मुखर्जी को यह सम्मान दो मुख्य कारणों से दिया जा रहा है। रानी को यह सम्मान सिनेमा में तीन दशकों का सफर तय करने के लिए और सामाजिक कार्य के लिए दिया जाएगा।
याद दिला दें कि रानी ने ‘ब्लैक’, ‘हिचकी’, ‘मर्दानी’ और ‘मिसेज चटर्जी वर्सेस नॉर्वे’ जैसी बेहतरीन फिल्मों में काम किया है। इन फिल्मों के जरिए उन्होंने महिलाओं के अधिकारों, मानसिक और सामाजिक बदलाव जैसे जरूरी मुद्दों को उठाया है। फिल्मों के अलावा, वे बच्चों की सेहत, पढ़ाई और गरीब व कमजोर वर्गों की मदद के लिए हमेशा आगे रही हैं।
रानी मुखर्जी ने इस सम्मान पर खुशी ज़ाहिर की है। उनका कहना है कि ‘ला ट्रोब यूनिवर्सिटी से यह सम्मान पाना मेरे लिए बहुत गर्व की बात है। सिनेमा मेरे जीवन का सबसे बड़ा गुरु रहा है और मुझे हमेशा से ऐसी कहानियों का हिस्सा बनने का मौका मिला, जो हिम्मत और बदलाव की बात करती हैं।’
आगे उन्होंने यह भी कहा कि वह इस खास सम्मान को अपनी मातृभूमि भारत और दुनिया भर के अपने उन फैंस को समर्पित करती हैं, क्यूंकि इन लोगों के प्यार ने उन्हें यहां तक पहुंचाया है।