उत्तर प्रदेश सरकार को सुप्रीम कोर्ट की तरफ से निकाय चुनाव का नोटिफिकेशन जारी करने की अनुमति मिल गई है। सुप्रीम कोर्ट ने ओबीसी आरक्षण के साथ निकाय चुनाव कराने का भी आदेश दिया है। इसके साथ ही निकाय चुनाव की तैयारी को लेकर सभी पार्टी अपनी रणनीति बनाने में जुट गई हैं।
ओबीसी आरक्षण के साथ निकाय चुनाव कराने की इजाजत देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ओबीसी आयोग की रिपोर्ट को स्वीकार कर लिया है। अब प्रदेश सरकार निकाय चुनाव का नोटिफिकेशन दो दिन के भीतर जारी कर सकती है।
ब्रेकिंग : उत्तर प्रदेश में निकाय चुनाव को सुप्रीम कोर्ट से मिली हरी झंडी, 2 दिन में जारी हो सकता है निकाय चुनाव का नोटिफिकेशनhttps://t.co/0m42bEtle1
— Live VNS (@livevns) March 27, 2023
इस सम्बन्ध में 28 दिसंबर 2022 को ओबीसी आयोग का गठन किया गया था। आयोग ने 7 मार्च 2023 को अपनी रिपोर्ट दी। इससे पूर्व पिछड़ों का आरक्षण तय करने के लिए गठित उप्र राज्य समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग ने निकायवार ओबीसी की आबादी की राजनीतिक स्थिति के आकलन के आधार पर आरक्षण की सिफारिश की थी।
सम्बंधित कार्रवाई हेतु 1995 के बाद हुए निकायों के चुनाव के परिणामों को आधार बनाया गया। आयोग ने प्रदेश के सभी निकायों के परीक्षण के बाद निकायों के लिए अलग-अलग आरक्षण देने की सिफारिश की।