उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर अब सभी प्रीपेड मीटर पोस्टपेड स्मार्ट मीटर के रूप में कार्य करेंगे। बिजली उपभोक्ताओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के बाद सभी स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को प्रत्येक माह की दस तारीख तक बिल मिल जाएंगे। बिल मिलने की तिथि से भुगतान के लिए दो सप्ताह या पंद्रह दिन का समय दिया जायेगा।
प्रदेश के लाखों बिजली उपभोक्ताओं को इस फैसले से राहत मिलेगी। साथ ही बिलिंग प्रक्रिया सरल और पारदर्शी होने के अलावा भुगतान के लिए पर्याप्त समय मिलेगा। इसके लिए इस ज़रूरत पर भी ध्यान दिलाया गया कि जिन उपभोक्ताओं का मोबाइल नंबर बदला है, वे अपना नंबर अपडेट करवा सकते हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़, यह जानकारी सोमवार को एक आधिकारिक बयान में दी गई। बयान में कहा गया है कि पहले की तरह ही बिजली बिल में बिल जमा करने की तिथि उल्लिखित रहेगी। प्रदेश में उपभोक्ताओं को अपना बकाया भुगतान दस किस्तों में करने की सुविधा दी गई है।
रिपोर्ट्स के अनुसार प्रदेश के ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत मंत्री एके शर्मा ने बैठक के पश्चात जानकारी देते हुए बताया कि बिलिंग साइकिल वैसे ही रहेगा जैसे पहले पोस्टपेड मीटर में होता था। आगे भी एक तारीख से माह के अन्त तक बिल की खपत का एक महीने का बिल पूर्व की तरह एसएमएस और व्हाट्सएप के माध्यम से दिया जाएगा।
ऊर्जा मंत्री ने बताया कि सभी स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को प्रत्येक माह की दस तारीख तक बिल मिल जायेंगे। बिल मिलने की तिथि से भुगतान के लिए 15 दिन का समय दिया जायेगा।
रिपोरस में यह भी कहा गया है कि जिन उपभोक्ताओं के वहां पोस्टपेड से प्रीपेड मीटर लगाए गए थे और उनकी सिक्योरिटी वापस कर दी गई थी, अब पोस्टपेड व्यवस्था लागू होने पर उनसे सिक्योरिटी एकमुश्त न लेकर चार किस्तों में ली जाएगी।
गैरतलब है कि समय से बिल न मिल पाने की स्थिति में उपभोक्ता व्हाट्सएप चैटबॉट्स पर संयोजन संख्या के माध्यम से सूचित कर अपना बिल व बकाया बिल प्राप्त कर सकेंगे। साथ ही 1912 पोर्टल पर शिकायत दर्ज करके भी यह बिल प्राप्त किए जा सकेंगे।