आईएफएफआई यानी भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव 2025 का आयोजन गोवा में किया जा रहा है। 20 से 28 नवंबर तक चलने वाले इस आयोजन में मुख्य आकर्षणों में रिस्टोर क्लासिक्स, सेंचुरी ट्रीब्युट्स, क्यूरेटेड ग्लोबल सेक्शन, पहला इफिस्टा, विस्तारित वेव्स फिल्म बाजार और पहला सिनेमाआई हैकाथॉन शामिल हैं।

इफ्फी 2025 में 81 देशों की 240 फिल्में प्रदर्शित की जाएंगी। जापान (कंट्री ऑफ फोकस), स्पेन (पार्टनर कंट्री) और ऑस्ट्रेलिया (स्पॉटलाइट कंट्री) इस वर्ष के अंतर्राष्ट्रीय सहयोग का नेतृत्व कर रहे हैं। इफ्फी वैश्विक सिनेमाई मानचित्र के महत्व को दर्शाने वाला ने वाला प्रतिस्पर्धी फीचर फिल्म श्रेणी में दक्षिण एशिया का एकमात्र अंतर्राष्ट्रीय फिल्म निर्माता संघ (एफआईएपीएफ) मान्यता प्राप्त महोत्सव रहा है।
इसकी शुरुआत और मक़सद भारतीय दर्शकों तक दुनिया की बेहतरीन फिल्मों को पहुंचाने का प्रयास है। पिछले कुछ दशकों में विभिन्न महाद्वीपों के फिल्म निर्माताओं, सिनेमा प्रेमियों और रचनात्मक पेशेवरों के लिए एक जीवंत मिलन स्थल में तब्दील हो गया है।
इफ्फी 2025 गुरु दत्त, राज खोसला, ऋत्विक घटक, पी. भानुमति, भूपेन हजारिका और सलिल चौधरी की शताब्दी का सम्मान आयोजन करेगा। मुसाफिर और सुवर्णरेखा जैसी पुनर्स्थापित उत्कृष्ट कृतियाँ दर्शकों को सिनेमाई विरासत के साथ दुर्लभ अनुभव प्रदान करेंगी।
इफ्फी 2025 में 81 देशों की 240 से अधिक फिल्मों की एक असाधारण श्रृंखला प्रस्तुत की जाएगी। यहाँ 13 विश्व प्रीमियर, 5 अंतर्राष्ट्रीय प्रीमियर और 44 एशियाई प्रीमियर शामिल हैं। 127 देशों से प्राप्त रिकॉर्ड 2,314 प्रविष्टियाँ इस महोत्सव की बढ़ती वैश्विक लोकप्रियता को दर्शाती हैं।
इसके अलावा यहाँ तीन प्रमुख अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पांच महाद्वीपों की 32 फिल्में शामिल होंगी, जिनमें वर्ष की कुछ सर्वाधिक चर्चित फिल्में पहली बार भारतीय दर्शकों के सामने प्रस्तुत की जाएंगी।
इफ्फी 2025 की उद्घाटन फिल्म ब्राजीलियाई लेखक गैब्रियल मस्कारो की “द ब्लू ट्रेल” एक विज्ञान-कथा और फंतासी फीचर फिल्म है। इस फिल्म ने बर्लिन अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव 2025 में सिल्वर बियर – ग्रैंड जूरी पुरस्कार जीता था।
इस महोत्सव को 2004 में गोवा में अपना स्थायी घर मिला, जहां इसे राष्ट्रीय फिल्म विकास निगम (एनएफडीसी), सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार और एंटरटेनमेंट सोसाइटी ऑफ गोवा (ईएसजी) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जाता है।
गाला प्रीमियर सेगमेंट में 18 फ़िल्में प्रदर्शित होंगी, जिनमें 13 वर्ल्ड प्रीमियर, 2 एशिया प्रीमियर, 1 इंडिया प्रीमियर और 2 स्पेशल शोकेस स्क्रीनिंग शामिल हैं। रेड कार्पेट पर प्रतिष्ठित कलाकारों और फिल्म निर्माताओं का स्वागत किया जाएगा।
इफ्फी कांस, बर्लिनले, वेनिस, लोकार्नो, टीआईएफएफ, बुसान और आईएफएफआर की पुरस्कार विजेता फिल्में भी प्रदर्शित करेगा जो उत्कृष्ट समकालीन सिनेमा के लिए भारत के प्रवेश द्वार के रूप में अपनी भूमिका को और मजबूत करेगा।
भारतीय सिनेमा की केंद्रीय विरासतों का उत्सव मनाते हुए, इफ्फी 2025 गुरु दत्त, राज खोसला, ऋत्विक घटक, पी. भानुमति, भूपेन हजारिका और सलिल चौधरी की शताब्दी का सम्मान आयोजन करेगा। मुसाफिर और सुवर्णरेखा जैसी पुनर्स्थापित उत्कृष्ट कृतियाँ दर्शकों को सिनेमाई विरासत के साथ दुर्लभ अनुभव प्रदान करेंगी।
भारतीय पैनोरमा 2025 में 25 फीचर फिल्में, 20 गैर-फीचर फिल्में और 5 पहली फीचर फिल्में प्रदर्शित की जाएंगी। उद्घाटन फीचर फिल्म अमरन (तमिल) है, जबकि उद्घाटन गैर-फीचर फिल्म काकोरी है। एक विशेष न्यू होराइजन्स खंड में पांच चुनिंदा शीर्षकों को प्रदर्शित किया जाएगा, जिन्हें उनके नए सिनेमाई दृष्टिकोण के लिए चुना जाएगा।
इस वर्ष के कार्यक्रमों में नौ क्यूरेटेड सेक्शन शामिल हैं – डॉक्यू-मोंटेज, फेस्टिवल्स से, राइजिंग स्टार्स, मिशन लाइफ, एक्सपेरीमेंटल फिल्म्स, रिस्टोर्ड क्लासिक्स, मैकाब्रे ड्रीम्स, यूनिसेफ और सिनेमा ऑफ द वर्ल्ड। इफ्फी में 15 प्रतिस्पर्धी और क्यूरेटेड सेगमेंट प्रस्तुत किए जाएंगे, जिनमें अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता, किसी निर्देशक की सर्वश्रेष्ठ पहली फीचर फिल्म और आईसीएफटी-यूनेस्को गांधी पदक शामिल हैं।
इफ्फी 2025 में दिग्गज अभिनेता रजनीकांत को सिनेमा में 50 वर्ष पूरे करने पर सम्मानित किया जाएगा, जो भारतीय फिल्म संस्कृति पर उनके स्थायी प्रभाव का उत्सव मनाने वाला एक महत्त्वपूर्ण अवसर होगा।
यह महोत्सव भारत के व्यापक लोकाचार, एक भारत श्रेष्ठ भारत को प्रतिबिंबित करता है। गोवा के तटों की मनोरम पृष्ठभूमि में, जो विविध रचनाकारों, दर्शकों और कलात्मक परंपराओं को एक साथ लाता है, साथ ही इफ्फी को जो चीज वास्तव में विशिष्ट बनाती है, वह है इसकी समावेशी सांस्कृतिक भावना।
