भारतीय मौसम विभाग ने उत्तर भारत में अगले कुछ दिनों के लिए हीटवेव की चेतावनी जारी की है। इस दौरान अधिकतम तापमान 39 से 40 डिग्री तक बना रहेगा। हालांकि गर्मी का एहसास 50 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक का होगा।

लखनऊ की बात करें तो झुलसते मौसम के साथ शहर की वायु गुणवत्ता भी खतरनाक हद तक बढ़ी हुई है। शहर का आज का तापमान भी जहाँ 41 डिग्री तक जाने के संकेत दे रहा है वहीँ एक्यूआई 175 के करीब है।
आईएमडी के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉक्टर नरेश कुमार के अनुसार, इस समय उत्तर पश्चिम भारत भीषण गर्मी का सामना कर रहा है। उत्तर प्रदेश सहित पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तरी मध्य प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में लू चलने की संभावना है।
केरल में मानसून की बारिश ने 24 मई को दस्तक दी थी, हालांकि जून में मानसून की रफ्तार कुछ थम गई थी मगर 12 जून से फिर से भारी बारिश की संभावना है। विभाग के अनुसार 12 से 15 जून के बीच दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में फिर से भारी बारिश की उम्मीद है।
विभाग द्वारा पंजाब, हरियाणा और राजस्थान अगले तीन दिनों तक रेड अलर्ट पर रहने की बात कही गई है। दिल्ली-एनसीआर बुधवार और बृहस्पतिवार को रेड अलर्ट पर हैं जबकि यहाँ 13 जून को ऑरेंज अलर्ट रहेगा। इस बीच पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 13 की रात से कुछ इलाक़ों में हल्की बारिश और आंधी-तूफान के बाद कुछ राहत की उम्मीद है।
इन सबके बीच पानी की किल्लत और बिजली कटौती ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। राहत के लिए सभी की निगाह मानसून पर टिकी है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि शुक्रवार यानी 13 जून से उत्तरी भारत में मानसून और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव की उम्मीद है।
विभाग ने लखनऊ और आस पास के कुछ हिस्सों में 13–15 जून तक स्थानीय तौर पर हल्की बारिश का अनुमान जताया है। इस बीच तेज़ हवाओं के साथ हलकी गरज-चमक की भी संभावना है, जिससे तापमान में हलकी गिरावट और राहत की उम्मीद है।
दक्षिण-पश्चिम मानसून से जुड़ी ख़बरें अभी तक राहत भरी हैं। करीब दो सप्ताह के ठहराव के बाद बृहस्पतिवार से मानसून के फिर सक्रिय होकर आगे बढ़ने की संभावना है। मौसम विभाग ने 12-15 जून के दौरान दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में कुछ स्थानों पर भारी वर्षा और 13 जून और 14 जून को कोंकण और गोवा में कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा के संकेत दिए हैं।
केरल में मानसून की बारिश ने 24 मई को दस्तक दी थी, हालांकि जून में मानसून की रफ्तार कुछ थम गई थी मगर 12 जून से फिर से भारी बारिश की संभावना है। विभाग के अनुसार 12 से 15 जून के बीच दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में फिर से भारी बारिश की उम्मीद है।
मौसम को देखते हुए प्रशासन की ओर से अलर्ट जारी किया गया है। हीटवेव के प्रभाव से अस्पतालों में मरीजों की संख्या में इज़ाफ़ा हुआ है। डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक से बचने के लिए चिकित्सक सलाह दे रहे हैं कि ज़रूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें। ज़्यादा पानी पीने के साथ बाहर की चीज़ें खाने से एहतियात करें।















