मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी ने दिल्ली के जंतर मंतर पर आज यानी 10 अक्तूबर से आंदोलन की घोषणा की है।कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन को देखते हुए सरकार ने दिल्ली आने-जाने वाली कई ट्रेनों को रद्द करने और दिल्ली मेट्रो के स्टेशनों को बंद करने का फ़ैसला किया।
सिक्योरिटी में है दिल्ली
सीजेपी आंदोलन के मद्देनजर दिल्ली के बॉर्डर ट्रिपल लेयर सिक्योरिटी से लैस किये हैं। लोहे के साथ साथ कंक्रीट के बैरिकेड भी लगाए गए हैं। इस समय बॉर्डर पर एक तरफ नोएडा पुलिस तो दूसरी तरफ दिल्ली पुलिस और पैरा मिलिट्री तैनात है। इस बीच जानकरी मिली है कि भारतीय किसान यूनियन भी आंदोलन के समर्थन में आ गई है और उसके कार्यकर्ता भी इस रास्ते से दिल्ली में दाखिल हो सकते हैं।
ध्रुव राठी गिरफ्तार
खबर आ रही है कि गुरुग्राम में यूट्यूबर ध्रुव राठी को आज सुबह करीब 8 बजे पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि उन्हें किस मामले में और किन कारणों से हिरासत में लिया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़, मेट्रो स्टेशनों को शुक्रवार रात 9 बजे से ही बंद करने की घोषणा की गई है और ये मेट्रो स्टेशन 10 अक्तूबर के साथ ही अगले आदेश तक बंद रहेंगे।
अभिजीत दिपके दिल्ली रवाना
खबर में यह भी बताया गया है कि सीजेपी के फ़ाउंडर अभिजीत दीपके मुंबई से दिल्ली के रस्ते में हैं। बीबीसी की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था की गई है। इस बीच राजधानी में पुलिस और अर्द्धसैनिकों बलों के 25 से 30 हजार जवान तैनात किए जाने की खबर मिली है। सीजेपी के प्रदर्शन से पहले सैकड़ों लोगों को हिरासत में लिया गया है।
बंद रहेंगे यह स्टेशन
अंतिम सूचना मिलने तक आज होने वाले प्रदर्शन से पहले दिल्ली मेट्रो के 45 स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद रहेंगे। जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर सुरक्षा कारणों से शुक्रवार रात 9 बजे से शनिवार शाम 6 बजे तक इन स्टेशनों के गेट बंद रखने का फैसला किया गया है। इनमें राजीव चौक, नई दिल्ली, केंद्रीय सचिवालय और कश्मीरी गेट जैसे प्रमुख स्टेशन भी शामिल हैं। रेलवे से मिली जानकारी में कहा गया है कि शनिवार सुबह चार बजे से दोपहर दो बजे तक नई दिल्ली रेलवे स्टेशन और हज़रत निज़ामुद्दीन रेलवे स्टेशन की सभी ट्रेन सेवाएं रद्द रहेंगी।
कैंसिल हुई ट्रेनें
ख़बरों के मुताबिक़, जंतर मंतर पर हो रहे बड़े आंदोलन को कमजोर करने के लिए केंद्र सरकार ने ढाई सौ ट्रेनों को कैंसिल कर दिया है। केंद्र सरकार के इस फैसले के नतीजे में अब जो लोग दिल्ली नहीं पहुंच पाए, वह अपने शहरों में ही प्रदर्शन की तैयारी कर रहे हैं।
आम लोगों ख्याल
चीफ़ जस्टिस सूर्यकांत ने आज के प्रदर्शन पर कहा कि क़ानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती क़दम उठाए जा सकते हैं, लेकिन इससे आम लोगों की आवाजाही पूरी तरह नहीं रुकनी चाहिए। उन्होंने कहा, “मक्खी मारने के लिए हथौड़े का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।”
रिपोर्ट्स के अनुसार, केंद्र सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अधिकारियों से बात कर सेवाओं को नियंत्रित तरीक़े से चलाने पर विचार करने का भरोसा दिया है।
सुप्रीम कोर्ट ने दी हिदायत
10 अक्तूबर के प्रदर्शन से पहले सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली आने वाली ट्रेनों और मेट्रो सेवाओं पर पूरी तरह रोक लगाने के बजाय उन्हें नियंत्रित तरीके से चलाने का निर्देश दिया है। अदालत ने यह आदेश कॉकरोच जनता पार्टी और विपक्षी दलों के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए दिया।
अदालत का कहना है कि गुरुग्राम, ग्रेटर नोएडा और दिल्ली के अन्य इलाक़ों से आने वाले छात्र, कर्मचारी और बुज़ुर्ग सार्वजनिक परिवहन पर निर्भर हैं। उनकी समस्या का ध्यान रखने के मुद्दे को लेकर अदालत ने मेट्रो और ट्रेनों की आवाजाही नियंत्रित किए जाने की बात कही है और इसे पूरी तरह रोकना अनुचित बताया है।
द हिन्दू की रिपोर्ट से पता चला है कि सीआरपीएफ़ यानी सेंट्रल रिज़र्व पुलिस फोर्स की कम से कम 70 कंपनियों को दिल्ली में क़ानून-व्यवस्था संबंधी ड्यूटी के लिए तैनात किया जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक़ इनमें लगभग 7,000 जवान शामिल हैं।
कॉकरोच जनता पार्टी का यह मार्च मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफ़े की मांग को लेकर है। इसमें वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (एसआईआर) के दौरान कथित अनियमितताओं को लेकर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई है।