चीन के नेशनल हेल्थ कमीशन ने साल 2025 में देश के स्वास्थ्य विकास पर एक सांख्यिकीय बुलेटिन जारी किया। इसमें दिखाया गया कि पिछले साल चीन में 79.2 लाख जन्म हुए। यह आंकड़ा साल 2024 में आई बढ़त के बाद जन्म दर में गिरावट को दर्शाता है।
शुक्रवार को जियांग्सू न्यूज़ की रिपोर्ट से मिली जानकारी के मुताबिक़, 2025 के अंत में चीन की आबादी 1.4 अरब थी। बुलेटिन के अनुसार, देश में प्रति 1,000 लोगों पर जन्म दर 5.63 दर्ज की गई, जबकि मौतों की संख्या 1.131 करोड़ (11.31 मिलियन) थी, और मृत्यु दर प्रति 1,000 लोगों पर 8.04 थी।
चीन में जन्म दर में कमी बीते दशकों में लागू किए जाने वाले सख्त सरकारी निगरानी वाले जन्म नियंत्रण कानून की बदौलत है। स्वास्थ्य अधिकारियों द्वारा पिछले पांच वर्षों में जारी आंकड़ों से पता चला है कि चीन में 2021 से 2025 तक सालाना क्रमशः 1.062 करोड़, 95.6 लाख, 90.2 लाख, 95.4 लाख और 79.2 लाख जन्म दर्ज किए गए।
जियांग्सू न्यूज़ के अनुसार, 2024 में देश की जन्म दर में सालाना आधार पर प्रति हजार 0.38 की बढ़ोतरी के बाद, 2025 में इसमें गिरावट आई। बुलेटिन के आंकड़े बताते हैं कि देश में प्राकृतिक जनसंख्या वृद्धि नकारात्मक बनी रही।
नेशनल ब्यूरो ऑफ़ स्टैटिस्टिक्स द्वारा पहले जारी आंकड़ों से पता चला था कि 2024 में चीन की प्राकृतिक जनसंख्या वृद्धि दर प्रति हजार -0.99 थी, जब कुल आबादी में थोड़ी कमी आई थी। इस नवीनतम बुलेटिन के अनुसार, 2025 में प्राकृतिक जनसंख्या वृद्धि दर प्रति हजार -2.41 थी।
गौरतलब है कि चीन में वन-चाइल्ड पॉलिसी के तहत वर्षों तक सख्त जनसंख्या नियंत्रण लगा रहा। हालांकि इस कानून को 2016 में समाप्त कर दिया गया है। इसके बावजूद देश में जन्म दर बढ़ नहीं रही है।
चीन अभी भारत के बाद दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी आबादी वाला देश है। वर्तमान में चीन में अधिकारी यहाँ की बदलती जनसांख्यिकी को एक बड़ी चुनौती के रूप में देख रहे हैं, क्योंकि देश का वर्कफोर्स लगातार कम हो रहा है और पेंशन लेने वाले रिटायर लोगों की आबादी बढ़ रही है।