उत्तर भारत में मार्च के महीनों में मौसम ने करवट ली और पिछले सप्ताह बने विक्षोभ से मौसम बदला रहा। अब इस विक्षोभ का असर घटने के साथ मौसम मामूल पर लौटेगा और पार भी ऊँचाई पकड़ेगा। जिससे मौसम में मिलने वाली राहत भी ख़त्म हो जाएगी।
मौसम विभाग का कहना है कि आज प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा। बादलों की आवाजाही के बावजूद भी बारिश के आसार नहीं है। इस बदलाव के साथ ही सोमवार से पूरे प्रदेश में तापमान की बढ़ोत्तरी भी शुरू हो जाएगी। मौसम के इस बदलाव के चलते कई जिलों में तापमान सामान्य से 10 डिग्री या इससे भी नीचे आ गया था। बलिया और गोरखपुर में बीते दिन अधिकतम तापमान सामान्य से सात डिग्री नीचे दर्ज किया गया। माैसम विभाग का कहना है कि रविवार से विक्षोभ का असर कमजोर पड़ गया है और बारिश का दाैर थमने से आगे माैसम शुष्क रहने के साथ गर्म भी रहेगा।
मौसम विभाग का कहना है ,कि पश्चिमी विक्षोभ कमजोर पड़ने से सोमवार से पूरे प्रदेश में मौसम शुष्क हो जाएगा। इसके साथ सामान्य होने पर मौसम में अगले सात दिनों में अधिकतम तापमान में करीब दस डिग्री सेल्सियस तक का इज़ाफ़ा होने की संभावना है।प्रदेश में आज अधिकतम तापमान 32-35 डिग्री के बीच रहने का अनुमान हैं। 24 और 25 मार्च तक प्रदेश में मौसम शुष्क ही रहेगा।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले सात दिनों में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में अब धूप की तपिश बढ़ने से दिन के तापमान में सात से दस डिग्री तक की बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। मध्यांचल में एक दिन में अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री की बढ़त दर्ज की गई है। वहीं कानपुर में सबसे कम न्यूनतम तापमान 13.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे ठंडी रात रही।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र को लेकर जो पूर्वानुमान दिया है, उसके मुताबिक़ आसमान साफ रहने और रूखी पछुआ से तपिश बढ़ेगी और अगले चार दिनों अधिकतम तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की बढ़ने की उम्मीद है।
बार फिर से 26 मार्च से एक नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होने की उम्मीद है, जिसकी वजह से प्रदेश में बादलों की आवाजाही का दौर शुरु हो जाएगा। इस दौरान कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की बौछारें पड़ने के आसार है।