2 हफ्ते के लिए इन 11 शहरों में बढ़ सकता है लॉकडाउन

नई दिल्ली. केंद्र सरकार 31 मई के बाद दो हफ्ते के लिए फिर से लॉकडाउन (Lockdown) बढ़ा सकती है. कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण की गति को कम करने के लिए बढ़ाए जाने वाले इस लॉकडाउन का स्वरूप अलग हो सकता है और इसमें पहले के मुकाबले अधिक ढील दी जा सकती है.

गृह मंत्रालय (Home Ministry) के एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि लॉकडाउन का अगले चरण की भावना पहले जैसे लॉकडाउन की तरह नहीं होगी और ज्यादातर फोकस 11 शहरों पर होगा जहां देश के कोविड -19 (Covid-19) के 70 प्रतिशत मामले हैं.

इन शहरों में छह बड़े महानगर दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, चेन्नई, अहमदाबाद और कोलकाता हैं. इसके अलावा इसमें पुणे, ठाणे, जयपुर, सूरत और इंदौर भी शामिल हैं.

धार्मिक स्थलों पर राज्य कर सकेंगे फैसला

सूत्रों से प्राप्त जानकारी के मुताबिक 11 शहरों और नगर निकायों में कंटेनमेंट जोन घटाए जा सकते हैं. लॉकडाउन के चौथे चरण की घोषणा से पहले 30 कंटेनमेंट जोन बनाए गए थे जिनकी संख्या इस बार कम हो सकती है. राज्यों को धार्मिक स्थलों को खोलने का फैसला करने की स्वतंत्रता होगी. हालांकि किसी भी तरह के आयोजन या पर्व मनाने की अनुमति नहीं होगी

भारत में कोरोना वायरस के मामलों की संख्या बढ़कर डेढ़ लाख के पार हो गई है. देश में कोरोना के मामले 14 दिन में दोगुने हो रहे हैं. स्वास्थ्य मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के मुताबिक देश में 151,767 लोग संक्रमित हैं. वहीं देश में मौतों का आंकड़ा भी पिछले 16 दिनों में दोगुना होकर 4,337 हो गया है.

तेजी से बढ़ते मामलों से बढ़ा दबाव
देश में लगातार बढ़ रहे कोरोना वायरस के मामलों ने भारत की संकुचित होती चिकित्सा व्यवस्था के लिए चुनौती खड़ी कर दी है और स्वास्थ्य महकमे पर अत्यधिक दबाव बना दिया है. जिसके कारण पिछले दो महीने से जारी लॉकडाउन को लेकर सवाल उठने लगे हैं जो कि धीरे बढ़ रहे मामलों की संख्या से संक्रमण के कर्व को फ्लैट करने के लिए लागू किया गया था.

केंद्र सरकार ने लॉकडाउन के चौथे चरण में कंटेनमेंट जोन में अधिकांश प्रतिबंधों पर ध्यान केंद्रित किया और अर्थव्यवस्था को पूरी तरह से खोलने के लिए अन्य सभी क्षेत्रों में बसों को चलाने के साथ सभी बाजारों, कार्यालयों, उद्योगों और व्यवसाय को फिर से शुरू करने की अनुमति दी. पिछले हफ्ते, सरकार ने भी सीमित क्षमता में घरेलू उड़ानों के संचालन की अनुमति दी.

धार्मिक स्थलों पर मानने होंगे ये नियम
लॉकडाउन के पांचवें चरण में धार्मिक स्थल और जिम खोलने की इजाजत दी जा सकती है. गृह मंत्रालय के सूत्रों ने कहा कि मंदिरों और अन्य धार्मिक स्थलों पर पूजा एवं प्रार्थना करने के लिए सोशल डिस्टेंसिग का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा और लोगों को मास्क पहनना जरूरी होगा. हालांकि किसी धार्मिक आयोजन या पर्व की अनुमति नहीं दी जाएगी.

कर्नाटक सरकार पहले ही 1 जून से मंदिरों और चर्चों को फिर से खोलने पर सहमति जाहिर कर चुकी है. मुख्यमंत्री बी एस येडियुरप्पा ने मीडिया को बताया कि एक बार केंद्र सरकार मॉल और धार्मिक स्थानों को खोलने की अनुमति दे देती है, तो इसे खोलने या न खोलने का फैसला राज्य सरकार का होगा.

इन पर रोक रहेगी जारी
लॉकडाउन के अगले चरण में शॉपिंग मॉल्स, सिनेमा हॉल्स, स्कूल, कॉलेज और अन्य शैक्षणिक संस्थानों, और बड़ी संख्या में लोगों की मौजदूगी वाली अन्य जगहों पर रोक जारी रह सकती है. हालांकि कुछ राज्य जून से स्कूल खोलने की मंशा जता रहे हैं पर केंद्र की ओर से साफ कर दिया गया है कि वह फिलहाल इसके पक्ष में नहीं हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *