फेमस कोरियोग्राफर गीता कपूर ने रियलिटी शोज की हकीकत पर उठने वाले सवालों का बड़ी ही बेबाकी से जवाब दिया है। हिंदुस्तान टाइम्स को दिए एक इंटरव्यू में गीता कपूर ने रियलिटी शोज को लेकर लोगों के नजरिए और उसकी हकीकत पर उठने वाले सवालों पर जवाब दिया है। इन दिनों गीता कपूर ‘इंडियाज बेस्ट डांसर’ सीजन 5 में बतौर जज नजर आ रही हैं।
इन शोज की आलोचना करने वालों के बारे में गीता कहती यहीं कि जिन्हें ऐसा लगता है, उनको खुद आकर इसमें हिस्सा लेना चाहिए। वह कहती हैं, ‘आप खुद सोचिए, आप बाहर जाकर लोगों को कितना समझ सकते हैं? भला कोई डांस को कैसे स्क्रिप्ट कर सकता है? डांस को कोरियोग्राफ किया जा सकता है, उसे बेहतर ढंग से पेश किया जा सकता है, किसी की पर्सनैलिटी को संवारा जा सकता है।’
गीता आलोचना करने वालों को खुला चैलेंज देते हुए कहती हैं कि जो लोग इसे महज टीआरपी का नाटक नज़र आता है, वे खुद सेट पर आएं और अपनी आंखों से सच देखें। कोरियोग्राफर गीता कपूर ने करारा जवाब देते हुए कहा कि असलियत जानने के लिए लोगों को खुद रियलिटी शोज का हिस्सा बनकर देखना चाहिए, ताकि वे इसके पीछे की असली दुनिया और सच को समझ सकें।
गीता एक जवाब में कहती हैं, ‘हां, आप बैठकर यह जरूर प्लान कर सकते हैं कि किसी के टैलेंट को सबसे बेहतरीन तरीके से दर्शकों के सामने कैसे पेश किया जाए। अगर लोग इसे स्क्रिप्टिंग कहते हैं, तो यह सिर्फ टैलेंट को दिखाने का एक सुनियोजित तरीका है। लेकिन जब लोग कहते हैं कि यह स्क्रिप्टेड है, तो क्या उनका मतलब यह होता है कि जज भी लिखी-लिखाई लाइनें बोलते हैं? जहां तक मेरी बात है, अगर मुझे कोई ऐसी लाइन लिखकर दी जाए, जिसमें यह तय हो कि मुझे किसी के बारे में क्या बोलना है, तो मैं उसे हाथ तक न लगाऊं।’